नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर रविवार को साई में बेघर हुए लोगों का दर्द बांटने पहुंचे। उन्होंने कहा कि जिनके सिर पर छत नहीं रही हर उस प्रभावित को घर मिलना चाहिए। जिन लोगों की जमीनें भी नहीं रहीं हैं उन्हें जमीन दिलाने के लिए लड़ाई लड़ी जाएगी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार से हिमाचल को जो भी मदद आई है उसे हर प्रभावित तक पहुंचाने का पूरा प्रयास किया जाएगा। प्रदेश में इस तबाही से हुए नुक्सान की भरपाई कोई सरकार नहीं कर सकती। जान है तो जहान है। धीरे-धीरे करके इन जख्मों को भरने का प्रयास किया जाएगा। जयराम ने कहा कि केंद्र से 6000 मकान जो स्वीकृत हुए हैं, वह उन लोगों को देने का प्रयास किया जाएगा कि जिनके घर रहे ही नहीं। केंद्र से हर संभव मदद की मांग उठाई जाएगी। संकट की घड़ी में लोगों को हौसला रखना होगा और जब तक सारी चीजें ठीक नहीं होती लोग सुरक्षित स्थानों पर रहें।
जयराम ने साई और बुआसनी के पंचायत प्रधानों व प्रतिनिधियों से बातचीत की और नुक्सान का जायजा लिया। पूर्व विधायक परमजीत सिंह पम्मी ने दून हलके की प्रभावित 7 पंचायतों में हुए नुक्सान से नेता प्रतिपक्ष को अवगत करवाया। जयराम ठाकुर ने बाद में रूहानी सत्संग भवन साई में आश्रित लिए हुए सभी प्रभावितों से मुलाकात की। इसके बाद पूर्व मुख्यमंत्री ग्राम पंचायत सौड़ी के प्रभावित माजरी व अन्य गांवों के बेघर हुए लोगों से भी मिले।
इस अवसर पर पूर्व विधायक विनोद चंदेल, जिला महामंत्री बलबीर ठाकुर, मंडल अध्यक्ष मान सिंह, बीडीसी वाइस चेयरमैन प्रेम चंद, हुक्मचंद कश्यप, कैप्टन डीआर चंदेल, कृष्ण कुमार रिंकू, राज संजू, संजय रॉय, लाल चंद, सौड़ी पंचायत के प्रधान पवन कुमार, उपप्रधान राम पाल, मेहर चंद, पूर्व जिप सदस्य सुमन लता, उपप्रधान प्रेम चंद दर्दी, अजय ठाकुर, हंसराज चंदेल, पूर्व पार्षद तेजा राम, महेंद्र सिंह खेड़ा, दलीप चक्कां व खुशी राम समेत प्रभावित परिवारों के सदस्य मौजूद रहे।
