हिमाचल प्रदेश।शिमला अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय इकाई द्वारा विभिन्न छात्र मांगों को लेकर परीक्षा नियंत्रक व अतिरिक्त परीक्षा नियंत्रक को ज्ञापन सौंपा गया। विद्यार्थी परिषद ने बीपीएड ,बीएड व पीजी कोर्स के रिजल्ट को जल्द घोषित करने की मांग को लेकर परीक्षा नियंत्रक के समक्ष मांग रखी। इकाई उपाध्यक्ष मनीषा शर्मा ने कहा कि विश्वविद्यालय परिणाम निकालने की प्रक्रिया बेहद ही लचर स्थिति से गुजर रही है एक एक विषय व कक्षा के परिणामों के लिए छात्रों को लंबे समय तक इंतजार करना पड़ता है बावजूद इसके प्रशासन के कान पर जूं तक नहीं रेंग रही। ऐसा ही हाल कुछ बीपीएड और पीजी के रिजल्ट प्रक्रिया का है जिस वजह से छात्रों का लगभग एक वर्ष बर्बाद होने की कगार पर है । छात्र न तो किसी अन्य विश्वविद्यालय में दाखिला ले पाए और एचपीयू में भी बीएड व बीपीएड के परिणाम घोषित न होने की वजह से एमएड व एमपीएड के नए सत्र 2021-22 के दाखिले अधर में लटके हैं जहां अन्य पीजी कोर्सेज में एक सेमेस्टर खत्म होने को है वहीं परीक्षा परिणाम घोषित न होने की वजह से एमएड व एमपीएड के दाखिले के लिए काउंसलिंग प्रक्रिया तक शुरू नहीं हो पाई है ।ए ग्रेड विश्वविद्यालय के लिए यह शर्मनाक है और जहां विश्वविद्यालय की ग्रेडिंग सुधार के प्रयास लंबे समय से प्रशासन कर रहा है लेकिन समय पर परिणाम घोषित न कर पाने से इसका असर ग्रेडिंग पर भी पड़ेगा। इसमें इकाई सह सचिव इंदर नेगी ने कहा कि कई महीने बीत जाने के बाद भी पीजी परीक्षा परिणाम घोषित करने में विश्वविद्यालय प्रशासन असफल रहा है। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय और इससे संबद्ध महाविद्यालयों से पढ़ाई करने वाले अधिकांश छात्रों ने केंद्रीय विश्वविद्यालय की शोध पात्रता परीक्षा उत्तीर्ण की लेकिन पीजी परिणाम घोषित न होने की वजह से वे पीएचडी में दाखिला लेने से वंचित रह गए। िरजल्ट समय से आने पर एक छात्र मानसिक उत्पीडऩ से गुजरता है। विद्यार्थी परिषद प्रशासन ने मांग की है की जल्द से जल्द यूजी और पीजी के लंबित पड़े रिजल्ट घोषित किए जाए अन्यथा विद्यार्थी परिषद उग्र आंदोलन
