नई दिल्ली:कोरोना वायरस के ओमिक्रॉन (Omicron) वेरिएंट को लेकर पूरी दुनिया में दहशत का माहौल है. केंद्र सरकार भी इसे लेकर पूरी तरह अलर्ट मोड में है. भले ही भारत में ओमिक्रॉन वेरिएंट के मामलों की पुष्टि ना हुई हो लेकिन इसे लेकर मोदी सरकार किसी भी तरह ढिलाई नहीं बरतना चाहती है. ओमिक्रॉन वेरिएंट की दहशत के बीच आज केंद्र सरकार राज्यों के साथ एक अहम बैठक करने वाली है. केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के साथ बैठक कर कोरोना के हालातों की समीक्षा करेंगे.सोमवार को ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के सभी नागरिकों से कोरोना के नए वेरिएंट से सतर्क रहने का आग्रह किया और इस बात पर जोर दिया कि केंद्र की प्राथमिकता लोगों का बेहतर स्वास्थ्य है.
बीते सप्ताह पहली बार दक्षिण अफ्रीका में ओमिक्रॉन वेरिएंट का पता चला था, इसके बाद डब्ल्यूएचओ ने इसे चिंताजनक वायरस करार दिया था. देश के अलग-अलग हिस्सों में विदेश से आए कई लोग कोरोना संक्रमित पाए गए हैं. इनमें विदेशी नागरिक भी शामिल हैं. कई देशों ने विदेशी उड़ानों के आने पर रोक लगाने से जुड़ी गाइडलाइंस जारी करनी शुरू कर दी हैं, वहीं भारत में राज्य स्वतंत्र तौर पर इससे जुड़े फैसले ले रहे हैं. इस बीच बेंगलुरु ग्रामीण के जिला स्वास्थ्य अफसर टिप्परस्वामी ने कहा कि बेंगलुरु आने वाले सभी अंतरराष्ट्रीय यात्री जिनकी कोरोना रिपोर्ट निगेटिव भी आई है, उन्हें सात दिन अनिवार्य क्वारंटीन में रहना होगा. सात दिन बाद उनका फिर से टेस्ट किया जाएगा.
